दुनिया की सबसे प्रसिद्ध इलेक्ट्रिक वाहन निर्माता कंपनी टेस्ला (Tesla) अक्सर अपनी नई कारों और तकनीकी नवाचारों को लेकर चर्चा में रहती है। लेकिन हाल ही में, कंपनी ने एक ऐसा कदम उठाया है जिसने सबको चौंका दिया है। एलन मस्क के नेतृत्व वाली टेस्ला ने अपनी नई लॉन्च की गई ‘मॉडल 3’ इलेक्ट्रिक कार की कीमत में लॉन्च के एक महीने के भीतर ही भारी कटौती कर दी है। आखिर क्या वजह है कि टेस्ला को इतना बड़ा फैसला लेना पड़ा? आइए विस्तार से जानते हैं।
टेस्ला मॉडल 3 की कीमतों में भारी गिरावट
टेस्ला ने अपनी मॉडल 3 लॉन्ग रेंज रियर व्हील ड्राइव (RWD) वेरिएंट की कीमत में उल्लेखनीय कमी की है। यह कटौती 10,000 युआन की है, जो भारतीय रुपये में लगभग 1,23,704 रुपये के बराबर है। इस कीमत कटौती के बाद, मॉडल 3 लॉन्ग रेंज RWD वेरिएंट की नई कीमत 259,500 युआन (लगभग 32,10,134 रुपये) हो गई है। यह फैसला कार के लॉन्च होने के एक महीने से भी कम समय में लिया गया है, जो अपने आप में एक बड़ी बात है।
आखिर क्यों घटी कीमतें? चीन में बढ़ती चुनौतियां
इस अप्रत्याशित मूल्य कटौती के पीछे टेस्ला के लिए चीन में बढ़ती चुनौतियां हैं। चाइना पैसेंजर कार एसोसिएशन (CPCA) के आंकड़ों से पता चलता है कि टेस्ला की शंघाई गीगाफैक्ट्री से बिक्री में लगातार गिरावट आई है। जुलाई 2025 में कंपनी ने 67,000 यूनिट्स बेचीं, जो जुलाई 2024 की 74,000 यूनिट्स की तुलना में 8.4% कम है। वहीं, जून 2025 की 71,000 यूनिट्स के मुकाबले भी यह 5.2% की गिरावट दर्शाती है।
साल 2025 के पहले सात महीनों (जनवरी से जुलाई) में, टेस्ला की चीन में कुल बिक्री लगभग 4,32,000 यूनिट रही, जो 2024 की इसी अवधि की 5,00,000 यूनिट्स से 13.6% कम है। यह आंकड़े स्पष्ट रूप से संकेत देते हैं कि चीनी बाजार में टेस्ला को कड़ी प्रतिस्पर्धा का सामना करना पड़ रहा है और उसकी बिक्री अपेक्षा के अनुरूप नहीं हो रही है।
टेस्ला की चिंताएं और भविष्य की रणनीति
गिरती बिक्री टेस्ला के लिए एक बड़ी चिंता का विषय बन गई है। इन चुनौतियों से निपटने और बाजार में अपनी पकड़ मजबूत करने के लिए टेस्ला लगातार नए उत्पादों और कीमतों में बदलाव की रणनीति अपना रही है। कंपनी ने हाल ही में मॉडल 3 लॉन्ग रेंज (RWD) और मॉडल Y L जैसे नए वेरिएंट लॉन्च किए हैं।
इसके अतिरिक्त, टेस्ला के सीईओ एलन मस्क ने संकेत दिया है कि इस साल के अंत तक मॉडल Y का एक और सस्ता वर्जन लॉन्च किया जाएगा, जिसका उत्पादन 2025 की दूसरी छमाही में शुरू होने की उम्मीद है। यह कदम बाजार में अपनी पहुंच बढ़ाने और प्रतिस्पर्धी इलेक्ट्रिक वाहन निर्माताओं से मुकाबला करने के लिए टेस्ला की आक्रामक रणनीति का हिस्सा है।
टेस्ला के इस कदम से पता चलता है कि चीन का इलेक्ट्रिक वाहन बाजार कितना गतिशील और प्रतिस्पर्धी है। ग्राहकों को आकर्षित करने और बिक्री बढ़ाने के लिए कंपनियां लगातार नई रणनीतियां अपना रही हैं, और टेस्ला जैसी दिग्गज कंपनी भी इससे अछूती नहीं है। आने वाले समय में यह देखना दिलचस्प होगा कि टेस्ला की ये रणनीतियां चीनी बाजार में उसकी स्थिति को कैसे प्रभावित करती हैं।
