राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड द्वारा आयोजित की जा रही चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी भर्ती परीक्षा 19 से 21 सितंबर तक प्रदेशभर में होगी। इस महत्वपूर्ण Rajasthan Exam के लिए राजधानी जयपुर को विशेष तौर पर तैयार किया गया है, जहाँ 204 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। तीन दिनों तक दो पारियों में चलने वाली इस परीक्षा में लगभग साढ़े चार लाख अभ्यर्थी शामिल होंगे, जिसके लिए पुलिस प्रशासन ने सुरक्षा और यातायात व्यवस्था के पुख्ता इंतज़ाम किए हैं।
जयपुर में अभ्यर्थियों का विशाल जमावड़ा: डेढ़ लाख परीक्षार्थी प्रतिदिन
एडिशनल कमिश्नर लॉ एंड ऑर्डर रामेश्वर सिंह के अनुसार, इस Recruitment Exam के दौरान रोज़ाना करीब डेढ़ लाख अभ्यर्थी जयपुर पहुंचेंगे। प्रत्येक पारी में 75 हजार परीक्षार्थी परीक्षा देंगे। परीक्षार्थियों के साथ उनके परिजन भी बड़ी संख्या में जयपुर आने वाले हैं, जिससे शहर में भीड़ बढ़ने की उम्मीद है। इसी को ध्यान में रखते हुए Jaipur Police और प्रशासन ने एक व्यापक योजना तैयार की है।
यातायात व्यवस्था: सुगम सफर सुनिश्चित करने की चुनौती
शहर की सड़कों और एंट्री प्वाइंट्स पर पुलिस ने विशेष यातायात व्यवस्था लागू की है। आगरा रोड, टोंक रोड, अजमेर रोड, सीकर रोड और दिल्ली रोड से आने-जाने वाले अभ्यर्थियों व अभिभावकों को किसी भी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े, इसके लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। सभी प्रमुख मार्गों पर पुलिस की तैनाती के साथ, डीसीपी स्तर के अधिकारी लगातार राउंड लेकर व्यवस्थाओं पर कड़ी नजर रखेंगे। यह Traffic Management सुनिश्चित करेगा कि अभ्यर्थी समय पर अपने गंतव्य तक पहुंच सकें।
कड़ी सुरक्षा घेरा: नकल रोकने और निष्पक्षता बनाए रखने के उपाय
जयपुर सिटी में बनाए गए सभी 204 परीक्षा केंद्रों पर सख्त जांच व्यवस्था की गई है। प्रत्येक सेंटर पर अलग से पुलिस बल तैनात किया गया है। परीक्षा केंद्र पर अभ्यर्थियों को सघन चेकिंग के बाद ही प्रवेश दिया जाएगा। वहीं, परीक्षा को निष्पक्ष और नकलमुक्त कराने के लिए 39 उड़न दस्ते (Flying Squad) गठित किए गए हैं। ये टीमें लगातार निगरानी रखेंगी और अलग-अलग परीक्षा केंद्रों पर जाकर औचक निरीक्षण करेंगी। यह सुनिश्चित करने के लिए कि कोई अनुचित साधन का प्रयोग न हो, Exam Security सर्वोच्च प्राथमिकता पर है।
प्रश्नपत्रों की सुरक्षा और संदिग्धों पर पैनी नज़र
पुलिस प्रशासन का कहना है कि परीक्षा में नकल रोकना और dummy candidates को पकड़ना उनकी पहली प्राथमिकता है। हर परीक्षा केंद्र पर अभ्यर्थियों के दस्तावेज़ों की गहन जांच के बाद ही प्रवेश मिलेगा। पुलिस की विशेष टीमें संदिग्ध अभ्यर्थियों पर खास नजर रखेंगी। किसी भी सेंटर पर संदिग्ध व्यक्ति दिखने पर तुरंत जांच की जाएगी, ताकि परीक्षा की पारदर्शिता पर कोई सवाल न उठे। भर्ती परीक्षा के प्रश्नपत्रों को भी कड़ी सुरक्षा में रखा गया है। स्ट्रांग रूम से परीक्षा केंद्र तक प्रश्नपत्र ले जाने वाले हर वाहन के साथ सशस्त्र पुलिसकर्मी तैनात रहेंगे। परीक्षा समाप्त होने के बाद यही टीम प्रश्नपत्रों को दोबारा स्ट्रांग रूम में सुरक्षित जमा कराएगी। स्ट्रांग रूम में भी चौकसी के विशेष इंतज़ाम किए गए हैं।
पुलिस प्रशासन का दावा: शांतिपूर्ण और पारदर्शी परीक्षा का लक्ष्य
शहर की मुख्य सड़कों पर तैनात यातायात पुलिस अभ्यर्थियों को उनके परीक्षा केंद्र तक आसानी से पहुंचने में मदद करेगी। पुलिस की ओर से यह भी सुनिश्चित किया गया है कि ट्रैफिक व्यवस्था दुरुस्त रहे और अभ्यर्थियों को समय पर परीक्षा केंद्र तक पहुंचने में कोई दिक्कत न आए। पुलिस प्रशासन का दावा है कि पूरे सिस्टम पर कड़ी नजर रखी जा रही है। नकल रोकने, डमी कैंडिडेट्स की पहचान करने और परीक्षा को शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न कराने की तैयारियां पूरी हो चुकी हैं। हर स्तर पर सतर्कता बरती जा रही है, ताकि अभ्यर्थी निश्चिंत होकर परीक्षा दे सकें और परीक्षा का परिणाम पूरी तरह transparent exam रहे। तीन दिन तक चलने वाली इस परीक्षा को लेकर जयपुर सिटी पूरी तरह alert mode पर है। पुलिस से लेकर प्रशासन तक सभी विभाग मिलकर इस परीक्षा को नकलमुक्त और व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने के लिए जुटे हुए हैं।



