दिल्ली की कानून-व्यवस्था लगातार सवालों के घेरे में है। राष्ट्रीय राजधानी में बढ़ते अपराध और असुरक्षा को लेकर विपक्ष ने मोर्चा खोल दिया है। विपक्ष की नेता आतिशी ने मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता को एक तीखा पत्र लिखकर बिगड़ती स्थिति पर चिंता व्यक्त की है और सीधे तौर पर इस्तीफे की मांग की है।
विपक्ष का आरोप: दिल्ली बनी ‘अपराध की राजधानी’
दिल्ली विधानसभा में विपक्ष की नेता और कालकाजी से विधायक आतिशी ने शनिवार को मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता को पत्र लिखकर कालकाजी मंदिर में एक सेवादार की निर्मम हत्या का जिक्र किया। आतिशी ने दावा किया कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेतृत्व वाली सरकार के शासन में राष्ट्रीय राजधानी अपराध, जबरन वसूली और गैंगवार का गढ़ बन गई है। उन्होंने पत्र में स्पष्ट लिखा, ‘अगर आप दिल्लीवासियों की सुरक्षा सुनिश्चित नहीं कर सकते तो आपको सत्ता में बने रहने का कोई अधिकार नहीं है। बेहतर होगा कि आप तुरंत इस्तीफा दे दें।’ इस पत्र पर भाजपा या दिल्ली सरकार की ओर से तत्काल कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है।
घरों से पूजा स्थलों तक असुरक्षा का माहौल
अपने पत्र में आतिशी ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि दिल्लीवासी अब अपने घरों, बाजारों या यहां तक कि पूजा स्थलों में भी सुरक्षित महसूस नहीं करते हैं। उन्होंने शुक्रवार की घटना का हवाला दिया, जिसमें 35 वर्षीय सेवादार योगेन्द्र सिंह को एक विवाद के बाद कथित तौर पर पीट-पीटकर मार डाला गया था। आतिशी ने जोर देकर कहा कि यह हत्या कोई अकेली घटना नहीं है, बल्कि राजधानी में बिगड़ती कानून-व्यवस्था की स्थिति का सीधा प्रमाण है।
हालिया अपराधों की लंबी सूची
हिंसा की हालिया कई घटनाओं की ओर इशारा करते हुए आतिशी ने मुख्यमंत्री को याद दिलाया कि कैसे इसी महीने की शुरुआत में निजामुद्दीन में अभिनेत्री हुमा कुरैशी के चचेरे भाई की हत्या कर दी गई थी। इसके अलावा, आईपी एक्सटेंशन में पुलिस आयुक्त कार्यालय के पास एक युवक को चाकू मार दिया गया था और जबरन वसूली की मांग के सिलसिले में एक प्रॉपर्टी डीलर के आवास पर गोलीबारी की घटना भी हुई थी।
जब मुख्यमंत्री खुद सुरक्षित नहीं तो आम नागरिक कैसे?
आतिशी ने अपने पत्र में एक और महत्वपूर्ण सवाल उठाया। उन्होंने पूछा कि हाल ही में मुख्यमंत्री पर भी हमला हुआ था। ‘अगर मुख्यमंत्री खुद सुरक्षित नहीं हैं तो आम नागरिक कैसे सुरक्षित महसूस कर सकते हैं?’ उन्होंने लिखा कि यह स्थिति इस बात का प्रमाण है कि कानून-व्यवस्था अब अपराधियों के नियंत्रण में है और पुलिस लाचार हो गई है।
‘चार इंजन’ सरकार पर सीधा वार
भाजपा की ‘चार इंजन’ वाली सरकार की आलोचना करते हुए आतिशी ने तीखे शब्दों में कहा कि सुरक्षा और विकास को गति देने के बजाय दिल्ली में चारों इंजन जाम हो गए हैं। उन्होंने अपने इस्तीफे की मांग को दोहराते हुए कहा, ‘अगर आप दिल्लीवासियों की सुरक्षा सुनिश्चित नहीं कर सकते तो आपको सत्ता में बने रहने का कोई अधिकार नहीं है।’
अरविंद केजरीवाल भी हुए हमलावर: मंदिरों में भी सुरक्षित नहीं
आतिशी की भावनाओं को दोहराते हुए, आम आदमी पार्टी (आप) के प्रमुख अरविंद केजरीवाल ने भी राष्ट्रीय राजधानी में सुरक्षा संबंधी हालिया मुद्दों को लेकर भाजपा के नेतृत्व वाली दिल्ली सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने ‘एक्स’ (पूर्व में ट्विटर) पर एक पोस्ट में सवाल किया, ‘क्या कालकाजी मंदिर के अंदर सेवादार की बेरहमी से हत्या करने से पहले इन बदमाशों के हाथ नहीं काँपे थे? अगर यह कानून-व्यवस्था की विफलता नहीं है तो और क्या है?’ केजरीवाल ने आगे कहा, ‘भाजपा के चारों इंजनों ने दिल्ली को इस हालत में पहुंचा दिया है कि अब ऐसी घटनाएं मंदिरों में भी हो रही हैं। क्या दिल्ली में कोई सुरक्षित है या नहीं?’



