एशिया कप 2025 का क्रिकेट बुखार अपने चरम पर है और क्रिकेट प्रेमियों का इंतजार खत्म होने को है, क्योंकि इस बार फाइनल में आमने-सामने होंगे भारत और पाकिस्तान! यह एक ऐसा मुकाबला है जिसका दुनिया भर के फैंस बेसब्री से इंतजार करते हैं। गुरुवार को बांग्लादेश के खिलाफ एक रोमांचक मुकाबले में पाकिस्तान ने जीत दर्ज कर फाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली। लेकिन, इस महामुकाबले के मंच सजने के साथ ही Asia Cup Controversy और टूर्नामेंट के Cricket Schedule पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं, खासकर Bangladesh Cricket के साथ हुए कथित नाइंसाफी को लेकर।
भारत-पाकिस्तान महामुकाबले का मंच तैयार
एशिया कप 2025 एक और ऐतिहासिक भारत-पाकिस्तान भिड़ंत के लिए तैयार है। पूरे 41 साल के टूर्नामेंट के इतिहास में यह पहला मौका होगा जब ये दोनों धुरंधर टीमें फाइनल में एक-दूसरे के खिलाफ उतरेंगी। गुरुवार को बांग्लादेश के खिलाफ ‘करो या मरो’ के मैच में पाकिस्तान ने सबको चौंकाते हुए जीत हासिल की। पहले बल्लेबाजी करते हुए पाकिस्तान की टीम केवल 8 विकेट पर 20 ओवर में 135 रन ही बना पाई। यह स्कोर इतना कम था कि सबकी उम्मीदें धूमिल होती दिख रही थीं। हालांकि, शाहीन अफरीदी और हारिस रऊफ की घातक गेंदबाजी ने बांग्लादेश को 124 रनों पर ही रोक दिया और पाकिस्तान को India Pakistan Final में पहुंचा दिया। मोहम्मद हासिस के 31 और नवाज के 25 रनों की बदौलत ही पाकिस्तान एक लड़ने लायक स्कोर खड़ा कर पाया था, लेकिन असली कमाल गेंदबाजों ने ही किया। शाहीन अफरीदी और हारिस रऊफ ने 3-3 विकेट झटके, जबकि सैम अयूब ने 2 और मोहम्मद नवाज ने एक विकेट चटकाया।
बांग्लादेश पर नाइंसाफी के आरोप
टूर्नामेंट में Asia Cup 2025 के फाइनल में जगह बनाने की दावेदार Bangladesh Cricket टीम के साथ कथित तौर पर नाइंसाफी हुई है। टीम को लगातार दो दिन मैच खेलने उतरना पड़ा, जिसके चलते खिलाड़ी शारीरिक और मानसिक रूप से थके हुए थे। इस कारण वे पाकिस्तान के खिलाफ मैच में अपना 100 प्रतिशत नहीं दे पाए। पाकिस्तान के खिलाफ इस महत्वपूर्ण मुकाबले से ठीक एक दिन पहले, सुपर 4 में बांग्लादेश की टीम ने भारत के खिलाफ एक कड़ा मुकाबला खेला था। इससे खिलाड़ियों को आराम करने और अगले बड़े मैच के लिए तैयारी करने का बिल्कुल समय नहीं मिल पाया।
शेड्यूल पर उठे गंभीर सवाल
इस पूरे मामले में टूर्नामेंट के Cricket Schedule पर कई गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। ऐसा लगता है कि जिस किसी ने भी यह शेड्यूल बनाया, उसका मुख्य ध्यान एशिया कप का फाइनल रविवार को कराने और उसमें भारत व पाकिस्तान की खिताबी भिड़ंत को सुनिश्चित करने पर था। चौंकाने वाली बात यह है कि यह शेड्यूल लगभग दो महीने पहले जुलाई में ही जारी कर दिया गया था। इसका सीधा सा मतलब यह है कि दो महीने पहले ही यह तय कर लिया गया था कि बांग्लादेश की टीम सुपर 4 में दो दिन लगातार मैच खेलेगी, भले ही इससे उनकी टीम की प्रदर्शन क्षमता प्रभावित हो। इस Asia Cup Controversy ने टूर्नामेंट की निष्पक्षता पर सवालिया निशान लगा दिया है।
क्या पहले से तय था सबकुछ?
यहां सबसे बड़ा सवाल यह उठता है कि आखिर क्यों पाकिस्तान की टीम को लगातार दो दिन मैच नहीं खेलना पड़ा, जबकि भारत और श्रीलंका के साथ भी ऐसा हुआ कि उनके मुकाबले लगातार दो दिनों में हुए? केवल बांग्लादेश की टीम के लिए ही क्यों ऐसी स्थिति उत्पन्न की गई? पाकिस्तान के खिलाफ यह मैच बांग्लादेश के लिए किसी सेमीफाइनल से कम नहीं था, लेकिन उन्हें इसके लिए आराम करने तक का पर्याप्त समय नहीं दिया गया। वहीं, दूसरी ओर, पाकिस्तान की टीम पूरी तरह से तरोताजा होकर मैदान पर उतरी। क्या यह सब सिर्फ एक इत्तेफाक था या फिर इस India Pakistan Final को सुनिश्चित करने के लिए पहले से ही एक सुनियोजित रणनीति का हिस्सा? यह देखना दिलचस्प होगा कि इस Asia Cup Controversy पर आयोजक क्या सफाई देते हैं।
